अब मीसाबंदियों को लेकर सरकार ने लिया ये बड़ा फैसला, भाजपा में आक्रोश

भोपाल।

सत्ता में आने के बाद से ही मीसाबंदी कांग्रेस के निशाने पर है।पेंशन रोकने के बाद अब कांग्रेस सरकार ने मीसाबंदियों को स्वतंत्रता दिवस पर बुलाने वाली व्यवस्था में भी बदलाव कर दिया है। प्रदेश की तत्कालीन शिवराज सरकार द्वारा राष्ट्रीय पर्वों पर आयोजित समारोहों में मीसाबंदियों को विशेषतौर पर आमंत्रित कर सम्मानित करने की व्यवस्था को कांग्रेस सरकार ने बदल दिया है। कमलनाथ सरकार ने मीसाबंदियों को आमंत्रित करने का क्लाज हटा दिया है और कलेक्टरों को भी आदेश जारी कर दिया है।सरकार के इस कदम के बाद मीसाबंदियों के साथ भाजपा में भी आक्रोश है।

दरअसल, शिवराज सरकार में मीसाबंदियों को स्वतंत्रता दिवस पर सम्मानित किया जाता रहा था, लेकिन सत्ता में कमलनाथ सरकार ने व्यवस्था में बदलाव कर दिया है। सरकार ने जीएडी द्वारा जारी किए जाने वाले निर्देश के क्रम 8  में बदलाव कर दिया है। जिसके तहत इस बार स्वतंत्रता दिवस पर मीसाबदियों को न तो विशेष तौर पर बुलाया जाएगा और न सम्मानित किया जाएगा।  अब स्वतंत्रता दिवस समारोह में सिर्फ स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों, कारगिल युद्ध में शहीद हुए सैनिकों के परिवारों एवं गणमान्य व्यक्तियों को विशेष रूप से आमंत्रित करने की व्यवस्था के निर्देश दिए गए हैं।  

 सरकार के इस फैसले के बाद मीसाबंदियों में आक्रोश है। भाजपा ने भी इसे गलत बताया है। इससे पहले सरकार ने मीसाबंदियों की पेंशन पर रोक लगा दी थी, जो अब तक कई जिलों में प्रभावित है। बीते कई महिनों से कई जिलों के मीसाबंदियों को पेंशन नही मिली है और अब सरकार ने उन्हें सम्मानित ना करने का फैसले लिया है।

"To get the latest news update download tha app"